पटना: बिहार की राजनीति में आज एक नया अध्याय जुड़ गया है। पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार ने अपनी पहली बड़ी जनसंपर्क यात्रा के साथ सक्रिय राजनीति में कदम रख दिया है। इस यात्रा को उन्होंने ‘सद्भाव यात्रा’ नाम दिया है, जिसका उद्देश्य समाज में संवाद, भाईचारा और जनसंपर्क को मजबूत करना बताया जा रहा है। यात्रा की शुरुआत से पहले निशांत कुमार ने पटना में अपने पिता नीतीश कुमार से मुलाकात की और उनका आशीर्वाद लिया। इसके बाद उन्होंने अपनी राजनीतिक पारी की औपचारिक शुरुआत की।
निशांत कुमार अपनी इस यात्रा के दौरान बिहार के कई जिलों का दौरा कर रहे हैं। उन्होंने यात्रा की शुरुआत पश्चिमी चंपारण से की है और आगे यह अभियान राज्य के अन्य हिस्सों तक जाएगा। जहां-जहां उनका रथ पहुंच रहा है, वहां कार्यकर्ताओं और समर्थकों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। लोग फूल-मालाओं और गर्मजोशी भरे स्वागत के साथ उनका अभिनंदन कर रहे हैं।

इसी क्रम में वैशाली में एक अलग ही नजारा देखने को मिला, जहां कार्यकर्ताओं ने उत्साह में निशांत कुमार पर प्रतीकात्मक रूप से बुलडोजर से फूल बरसाकर उनका स्वागत किया। यह दृश्य चर्चा का विषय बना हुआ है और यात्रा के दौरान जनसमर्थन के माहौल को दर्शाता है।
पूरी यात्रा के दौरान जगह-जगह समर्थकों की भीड़ उमड़ रही है और राजनीतिक हलकों में भी इस नई एंट्री को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। निशांत कुमार की यह ‘सद्भाव यात्रा’ अब केवल एक जनसंपर्क अभियान नहीं, बल्कि बिहार की राजनीति में उनकी संभावित भूमिका की शुरुआत के रूप में देखी जा रही है। आने वाले दिनों में यह यात्रा किस दिशा में जाएगी, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।