• होम
  • अपराध
  • NEET पेपर लीक मामला: RCC इंस्टीट्यूट भी CBI जांच के घेरे में, कई बड़े खुलासे

NEET पेपर लीक मामला: RCC इंस्टीट्यूट भी CBI जांच के घेरे में, कई बड़े खुलासे

देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG पेपर लीक मामले में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे नए और चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए महाराष्ट्र के चर्चित कोचिंग संचालक शिवराज मोटेगांवकर को गिरफ्तार किया है। उनकी गिरफ्तारी के बाद […]

Advertisement
Gauravshali Bharat
Gauravshali Bharat News
  • May 21, 2026 11:44 am IST, Published 3 hours ago

देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG पेपर लीक मामले में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे नए और चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए महाराष्ट्र के चर्चित कोचिंग संचालक शिवराज मोटेगांवकर को गिरफ्तार किया है। उनकी गिरफ्तारी के बाद अब उनका कोचिंग संस्थान RCC इंस्टीट्यूट भी जांच एजेंसियों के निशाने पर आ गया है।

सीबीआई सूत्रों के मुताबिक, आरसीसी इंस्टीट्यूट से जुड़े कुछ छात्रों की असामान्य सफलता ने जांच एजेंसियों का ध्यान अपनी ओर खींचा। बताया जा रहा है कि वर्ष 2025 में संस्थान से 21 छात्रों का NEET में चयन हुआ था। इनमें से 19 छात्रों को देश के प्रतिष्ठित AIIMS संस्थानों में दाखिला मिला, जबकि दो छात्रों ने मुंबई के प्रसिद्ध KEM अस्पताल में एडमिशन प्राप्त किया। इतनी बड़ी सफलता ने शुरुआत में संस्थान की प्रतिष्ठा बढ़ाई, लेकिन अब यही उपलब्धि शक के घेरे में आ गई है।

जांच में यह बात भी सामने आई है कि शिवराज मोटेगांवकर के पास से ऐसा केमिस्ट्री प्रश्न बैंक मिला, जिसमें परीक्षा में पूछे गए कई सवाल हूबहू मौजूद थे। सीबीआई को शक है कि परीक्षा से पहले ही कुछ महत्वपूर्ण प्रश्न चुनिंदा छात्रों तक पहुंचाए गए थे। अधिकारियों का मानना है कि यह मामला केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक बड़ा संगठित नेटवर्क काम कर रहा था।

मामले के खुलासे के बाद छात्रों और अभिभावकों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है। कई छात्र संगठनों ने सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिए हैं। उनका कहना है कि मेहनत करने वाले लाखों छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हुआ है और दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। सोशल मीडिया पर भी यह मुद्दा तेजी से ट्रेंड कर रहा है।

वहीं, कई छात्रों ने दावा किया कि आरसीसी इंस्टीट्यूट के मॉक टेस्ट और असली NEET परीक्षा के प्रश्नों में काफी समानता थी। कुछ वायरल वीडियो और सोशल मीडिया पोस्ट के बाद सीबीआई ने जांच और तेज कर दी। एजेंसी अब यह पता लगाने में जुटी है कि पेपर लीक का नेटवर्क किन-किन राज्यों तक फैला हुआ था और इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे।

इस पूरे मामले ने देश की परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यदि समय रहते ऐसी घटनाओं पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई, तो छात्रों का भरोसा प्रतियोगी परीक्षाओं से उठ सकता है। फिलहाल देशभर की निगाहें सीबीआई जांच पर टिकी हुई हैं और सभी को आगे होने वाले खुलासों का इंतजार है।

Advertisement