नई दिल्ली: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत गुरुवार को लोकनायक अस्पताल में अत्याधुनिक ड्यूल सोर्स 256-स्लाइस सीटी स्कैन मशीन और तीन अत्याधुनिक एमआरआई मशीन का शुभारंभ किया। ये दोनों मशीनें इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) द्वारा अपनी सीएसआर पहल के अंतर्गत उपलब्ध कराई गई हैं। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह, इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड के अध्यक्ष श्री अरविंदर सिंह साहनी सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
इन अत्याधुनिक मशीनों से दिल्ली के सरकारी अस्पतालों में विश्वस्तरीय जांच सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इससे इमरजेंसी, हृदय रोग, कैंसर, यूरोलॉजी, न्यूरोलॉजी, हड्डियों और बच्चों से जुड़ी बीमारियों की जांच की क्षमता बढ़ेगी। स्ट्रोक, कैंसर, लिवर और प्रोस्टेट संबंधी बीमारियों सहित मांसपेशियों व हड्डियों से जुड़ी समस्याओं की समय पर और सटीक पहचान में मदद मिलेगी। इससे मरीजों को सही समय पर उचित उपचार मिल सकेगा।
लोकनायक अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं का लगातार विस्तार
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने लोकनायक अस्पताल में पहले शुरू की गई स्वास्थ्य सुविधाओं का उल्लेख करते हुए बताया कि यहां माताओं और नवजात शिशुओं की बेहतर देखभाल के लिए लैक्टेशन मैनेजमेंट यूनिट स्थापित की गई है, जो मिल्क बैंक के रूप में कार्य कर रही है। इसके अलावा, अस्पताल में एनएटी मशीन उपलब्ध कराई गई है, जिससे एचआईवी और हेपेटाइटिस की जांच लगभग 48 घंटे में की जा सकती है। यह तकनीक रक्त की जांच को अधिक प्रभावी बनाने और सुरक्षित ब्लड डोनेशन प्रक्रिया को मजबूत करने में भी सहायक है। अस्पताल में दुर्लभ बीमारियों से पीड़ित मरीजों के लिए विशेष वार्ड भी विकसित किया गया है, जहां उन्हें आवश्यक उपचार और सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने नवजात शिशुओं को गंभीर बीमारियों से बचाने के लिए शुरू की गई ‘अनमोल योजना’ का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत जन्म के तुरंत बाद नवजात शिशु के रक्त की एक बूंद से संभावित आनुवंशिक बीमारियों की जांच की जाती है। इससे बीमारी की शुरुआती अवस्था में पहचान कर समय पर आवश्यक उपचार शुरू करने में मदद मिलती है और बच्चे के बेहतर स्वास्थ्य को सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया जाता है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार का संकल्प है कि आर्थिक स्थिति या किसी अन्य कठिनाई के कारण कोई भी नागरिक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित न रहे। इसी उद्देश्य से सरकारी अस्पतालों में आधुनिक चिकित्सा तकनीक, बेहतर बुनियादी ढांचे और उन्नत जांच सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि समय पर बीमारी की पहचान और उचित उपचार की उपलब्धता से मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी और दिल्ली की स्वास्थ्य व्यवस्था को और मजबूत बनाया जा सकेगा।
नवजातों की जांच पर भी सरकार का जोर: स्वास्थ्य मंत्री
दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि लोक नायक अस्पताल में अब अत्याधुनिक ‘डुअल सोर्स सीटी स्कैनर’ और ‘3-टेस्ला एमआरआई सिस्टम’ से मरीजों को और ज्यादा बेहतर और बेहद तेज गति से जांच की सुविधाएं मिलेंगी। एलएनजेपी अस्पताल सघन आबादी वाले क्षेत्र में है और लाखों की संख्या में मरीज इलाज करवाने के लिए आते हैं। इसको ध्यान में रखते हुए सीटी स्कैन और एमआरआई की ये सुविधाएं मरीजों को बिल्कुल मुफ्त उपलब्ध कराई जाएंगी।

उन्होंने कहा कि इस हॉस्पिटल में लाखों की संख्या में आने वाले मरीजों ध्यान में रखते हुए हमारी सरकार ने नवजात बच्चों के स्वास्थ्य जांच के लिए ‘मिशन अनमोल’ की सुविधाएं भी लोक नायक अस्पताल में चल रही है। पिछली सरकार के बीते 12 वर्षों के कार्यकाल में इस तरह की सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में कोई ध्यान ही नहीं दिया गया। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता जी के कुशल नेतृत्व में हमारी सरकार दिल्ली के सरकारी अस्पतालों में आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का बेहद तेजी से विस्तार कर रही है
विपक्षी दलों के संबंध में मुख्यमंत्री की तीखी प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के पास जनहित के मुद्दों पर चर्चा करने के बजाय उनके व्यक्तिगत हाव-भाव, पहनावे और सार्वजनिक कार्यक्रमों पर टिप्पणी करने के अलावा कोई विषय नहीं रह गया है। विपक्ष को उनकी व्यक्तिगत गतिविधियों पर ध्यान देने के बजाय दिल्ली में हो रहे विकास कार्यों पर चर्चा करनी चाहिए। उनकी सरकार दिल्ली की पिछली सरकारों के कार्यकाल में उपेक्षित रही व्यवस्थाओं को सुधारने और जनता को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार काम कर रही है।
उन्होंने पंजाब में कथित तौर पर बढ़ते अपराध, नशा तस्करी और लोगों की सुरक्षा से जुड़े मुद्दों का उल्लेख करते हुए विपक्ष की प्राथमिकताओं पर सवाल उठाए। साथ ही, जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय में एक प्रोफेसर पर छात्राओं के साथ दुर्व्यवहार और शोषण के आरोपों का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसे गंभीर विषयों पर भी विपक्ष को अपनी प्रतिक्रिया देनी चाहिए। यदि इस माध्यम से लोग भगवान राम का नाम ले रहे हैं तो इसे भी सकारात्मक रूप में देखा जा सकता है।