नयी दिल्ली: भाजपा सांसद तरुण चुघ ने पंजाब की कानून-व्यवस्था को लेकर आम आदमी पार्टी सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार पर पंजाब में गैंगस्टर, माफिया और रंगदारी की संस्कृति को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। चुघ ने दावा किया कि राज्य में अपराध से जुड़े तत्वों का प्रभाव बढ़ रहा है और इसका असर आम लोगों के साथ-साथ कारोबारियों और पेशेवरों पर भी दिखाई दे रहा है।
भाजपा सांसद ने आरोप लगाया कि पंजाब में सरकार बनने के बाद रंगदारी की घटनाओं का एक नया दौर शुरू हुआ है। उनके मुताबिक, उद्योगपति, व्यापारी, डॉक्टर, वकील और बड़े किसान जैसे लोग भी कथित तौर पर आपराधिक गिरोहों के निशाने पर हैं। उन्होंने कहा कि नई गाड़ी खरीदने या आर्थिक रूप से सक्षम होने वाले लोगों को फोन के जरिए धमकाकर पैसे मांगने की शिकायतें सामने आती रहती हैं।
चुघ ने इस स्थिति को राज्य के लिए गंभीर चिंता का विषय बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब के कई हिस्सों में लोगों के बीच सुरक्षा को लेकर भय का माहौल है। भाजपा नेता के अनुसार, आपराधिक गिरोह कथित तौर पर लोगों से जबरन वसूली कर रहे हैं और उनके लिए अलग तरह का ‘गुंडा टैक्स’ या ‘माफिया टैक्स’ जैसी स्थिति पैदा हो गई है। हालांकि, इन आरोपों पर सरकार की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया का उल्लेख उनके बयान में नहीं किया गया है।
तरुण चुघ ने मुख्यमंत्री भगवंत मान और आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में सक्रिय गैंगस्टरों और माफिया तत्वों को राजनीतिक संरक्षण मिल रहा है। भाजपा सांसद ने दावा किया कि ऐसे तत्वों के खिलाफ पर्याप्त कठोर कार्रवाई नहीं होने के कारण उनका प्रभाव बढ़ रहा है। उन्होंने सरकार पर अपराधियों के प्रति नरम रवैया अपनाने का आरोप भी लगाया।
चुघ ने कहा कि पंजाब में कानून-व्यवस्था केवल अपराध तक सीमित मुद्दा नहीं है, बल्कि इसका सीधा संबंध राज्य की अर्थव्यवस्था और सामाजिक माहौल से भी है। उन्होंने कहा कि यदि कारोबारी और पेशेवर अपने जीवन तथा संपत्ति की सुरक्षा को लेकर चिंतित रहते हैं, तो इसका असर निवेश, रोजगार और व्यापारिक गतिविधियों पर पड़ सकता है। भाजपा नेता ने सरकार से आपराधिक नेटवर्क के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने की मांग की।
उन्होंने पंजाब में बढ़ते गैंगस्टर प्रभाव को लेकर राज्य सरकार की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। चुघ के मुताबिक, कानून का डर खत्म होने से आपराधिक गिरोहों का मनोबल बढ़ सकता है और आम नागरिक खुद को असुरक्षित महसूस कर सकते हैं। उन्होंने सरकार से पुलिस और प्रशासन को मजबूत करने तथा अपराधियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की अपील की।
भाजपा सांसद ने अपने बयान में पंजाब की मौजूदा स्थिति को बेहद गंभीर बताते हुए कहा कि लोगों को सुरक्षित माहौल उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए। उन्होंने दावा किया कि राज्य में कई लोग कथित तौर पर आपराधिक गिरोहों की धमकियों के कारण दबाव में हैं और इस स्थिति का समाधान तत्काल जरूरी है।
तरुण चुघ के बयान के बाद पंजाब की कानून-व्यवस्था एक बार फिर राजनीतिक बहस का मुद्दा बन गई है। भाजपा लगातार राज्य में अपराध और गैंगस्टर गतिविधियों को लेकर आम आदमी पार्टी सरकार को घेरती रही है। वहीं, सरकार और सत्तारूढ़ दल की ओर से इन आरोपों पर अलग-अलग मौकों पर अपना पक्ष रखा जाता रहा है। फिलहाल चुघ के ताजा बयान ने पंजाब में सुरक्षा, रंगदारी और गैंगस्टर नेटवर्क के मुद्दे को राजनीतिक चर्चा के केंद्र में ला दिया है।