लखनऊ में नियुक्ति पत्र वितरण, डिजिटल पुलिसिंग को नई रफ्तार

लखनऊ: उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा चयनित 930 कंप्यूटर ऑपरेटर (ग्रेड-ए) को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। यह कार्यक्रम राजधानी लखनऊ में आयोजित हुआ, जहां बड़ी संख्या में नव चयनित अभ्यर्थी और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। इस अवसर पर अधिकारियों ने कहा कि पूरी भर्ती प्रक्रिया निष्पक्ष, पारदर्शी और मेरिट आधारित तरीके […]

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  • June 17, 2026 3:25 pm IST, Published 2 hours ago

लखनऊ: उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा चयनित 930 कंप्यूटर ऑपरेटर (ग्रेड-ए) को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। यह कार्यक्रम राजधानी लखनऊ में आयोजित हुआ, जहां बड़ी संख्या में नव चयनित अभ्यर्थी और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

इस अवसर पर अधिकारियों ने कहा कि पूरी भर्ती प्रक्रिया निष्पक्ष, पारदर्शी और मेरिट आधारित तरीके से पूरी की गई है, जिसका उद्देश्य योग्य युवाओं को अवसर देना और पुलिस व्यवस्था को तकनीकी रूप से और अधिक मजबूत बनाना है।

कार्यक्रम में यह भी बताया गया कि आज के समय में पुलिसिंग केवल कानून व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि यह तेजी से डिजिटल और डेटा आधारित प्रणाली की ओर बढ़ रही है। ऐसे में कंप्यूटर ऑपरेटरों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाती है। ये कर्मी पुलिस विभाग के विभिन्न तकनीकी कार्यों, डेटा मैनेजमेंट, रिकॉर्ड सिस्टम और डिजिटल मॉनिटरिंग को सुचारू रूप से संचालित करने में अहम योगदान देंगे।

अधिकारियों ने कहा कि स्मार्ट पुलिसिंग के लक्ष्य को हासिल करने में यह नई नियुक्तियां मील का पत्थर साबित होंगी। डिजिटल प्लेटफॉर्म के विस्तार के साथ पुलिस की कार्यप्रणाली और अधिक तेज, पारदर्शी और प्रभावी होगी, जिससे आम जनता को भी बेहतर सेवाएं मिल सकेंगी।

कार्यक्रम में मौजूद वरिष्ठ अधिकारियों ने नव चयनित कंप्यूटर ऑपरेटरों को संबोधित करते हुए कहा कि यह केवल एक नौकरी नहीं बल्कि जिम्मेदारी है, जिसमें ईमानदारी, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा सबसे महत्वपूर्ण है। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी चयनित अभ्यर्थी अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा के साथ करेंगे और राज्य की कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने में योगदान देंगे।

इस नियुक्ति प्रक्रिया को राज्य में रोजगार सृजन और डिजिटल प्रशासन को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे पुलिस विभाग की तकनीकी क्षमता में वृद्धि होगी और आधुनिक अपराध नियंत्रण प्रणाली को और मजबूती मिलेगी।

 

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