गोरखपुर: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में रविवार को गुरु गोरक्षनाथ घाट पर अचानक गुंबद का एक हिस्सा भरभराकर गिरने से बड़ा हादसा हो गया। हादसे में मलबे की चपेट में आने से दो लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोग घायल बताए जा रहे हैं। घटना के बाद घाट पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और राहत-बचाव का काम शुरू कराया।
घटना के समय घाट पर बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, हादसा रविवार सुबह करीब 11:30 बजे हुआ। अचानक गुंबद गिरने से वहां मौजूद लोगों को संभलने तक का मौका नहीं मिला। भारी मलबे की चपेट में कई लोग आ गए। हादसे की खबर फैलते ही आसपास मौजूद लोगों में भी दहशत फैल गई।
अचानक गिरा गुंबद, मौके पर मची अफरा-तफरी
बताया गया कि गुरु गोरक्षनाथ घाट पर लोग अपने सामान्य काम में जुटे हुए थे। इसी दौरान गुंबद भरभराकर नीचे गिर गया। तेज आवाज के साथ संरचना का हिस्सा गिरने से वहां मौजूद लोगों में भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो गई। कई लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे, जबकि कुछ लोग मलबे में फंसे लोगों की मदद के लिए आगे आए।
घटना के समय घाट पर 50 से अधिक लोगों के मौजूद होने की बात सामने आई है। ऐसे में गुंबद गिरने के बाद बड़ी संख्या में लोगों के घायल होने की आशंका को देखते हुए तत्काल राहत-बचाव अभियान शुरू किया गया।
पुलिस और प्रशासन ने संभाला मोर्चा
हादसे की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों की मदद से मलबा हटाने का काम शुरू कराया गया। मलबे में किसी अन्य व्यक्ति के दबे होने की आशंका को देखते हुए बचाव अभियान पर विशेष ध्यान दिया गया।
घायलों को तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजे जाने की जानकारी सामने आई है। अस्पताल में घायलों का उपचार कराया जा रहा है। वहीं, पुलिस की टीम घटना से जुड़ी परिस्थितियों की जानकारी जुटा रही है।
प्रशासन की प्राथमिकता फिलहाल मलबे के नीचे किसी अन्य व्यक्ति के फंसे होने की संभावना को खत्म करना और घायलों को समय पर इलाज उपलब्ध कराना रही। हादसे के बाद घाट पर सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ाई गई।
दो लोगों की मौत, कई घायल
हादसे में अब तक दो लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। वहीं, कई लोग घायल बताए जा रहे हैं। घायलों की संख्या और उनकी स्थिति के बारे में अंतिम आधिकारिक जानकारी का इंतजार है। पुलिस और अस्पताल प्रशासन की ओर से घायलों की पहचान की प्रक्रिया भी की जा रही है।
मृतकों और घायलों के नाम-पते की पूरी जानकारी घटना के तत्काल बाद सामने नहीं आ सकी थी। अधिकारियों की ओर से पहचान की प्रक्रिया पूरी किए जाने के बाद ही मृतकों और घायलों से संबंधित विस्तृत जानकारी स्पष्ट हो सकेगी।
हादसे की गंभीरता को देखते हुए मौके पर मौजूद लोगों से भी जानकारी जुटाई जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि गुंबद गिरने से ठीक पहले वहां क्या स्थिति थी।
राहत-बचाव के दौरान जुटी लोगों की भीड़
घटना के बाद घाट पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग जुट गए। कई लोगों ने बचाव अभियान में पुलिस और प्रशासन का सहयोग किया। मलबा हटाकर घायलों को बाहर निकालने की कोशिश की गई। इसके बाद घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया।
हादसे के कारण घाट पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल रहा। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के साथ लोगों को घटनास्थल से दूर रखने की कोशिश की, ताकि राहत-बचाव अभियान में किसी तरह की बाधा न आए।
स्थानीय लोगों के बीच हादसे को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं भी होती रहीं, लेकिन गुंबद गिरने के वास्तविक कारण को लेकर फिलहाल किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। प्रशासन की जांच के बाद ही हादसे की वजह स्पष्ट हो सकेगी।
हादसे की वजह की जांच जरूरी
गुंबद जैसी संरचना अचानक क्यों गिरी, इसकी जांच अब अहम हो गई है। प्रशासन की ओर से घटनास्थल की स्थिति का जायजा लिया जा रहा है। यह भी देखा जा सकता है कि संरचना की हालत पहले कैसी थी और क्या वहां किसी तरह की क्षति या निर्माण संबंधी समस्या मौजूद थी।
हालांकि, हादसे की वास्तविक वजह की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। इसलिए किसी भी संभावित कारण को अंतिम तथ्य मानना उचित नहीं होगा। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि गुंबद गिरने के पीछे कौन-से कारण जिम्मेदार थे।
अधिकारियों ने शुरू की जानकारी जुटाने की प्रक्रिया
घटना के संबंध में पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। कोतवाली के सीओ ओंकार दत्त ने भी घटना की जानकारी ली और राहत-बचाव से संबंधित कार्रवाई की निगरानी की। पुलिस की टीम अस्पताल पहुंचकर घायलों से संबंधित जानकारी जुटाने के साथ मृतकों की पहचान की प्रक्रिया में लगी है।
प्रशासन की ओर से हादसे के बाद की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि गुंबद गिरने के कारण कितने लोग प्रभावित हुए और संरचना के अचानक गिरने की वजह क्या थी।
गोरखपुर के गुरु गोरक्षनाथ घाट पर हुए इस हादसे ने वहां मौजूद लोगों को झकझोर दिया है। दो लोगों की मौत के बाद परिजनों में शोक का माहौल है, जबकि घायलों के जल्द स्वस्थ होने की उम्मीद की जा रही है। घटना से जुड़े अन्य तथ्य प्रशासनिक जांच और आधिकारिक अपडेट के बाद ही पूरी तरह सामने आएंगे।