अयोध्या में अमिताभ बनाएंगे पिता की याद में भव्य धर्मशाला

अयोध्या: बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन से जुड़ी अयोध्या की एक नई खबर सामने आई है। रिपोर्टों के मुताबिक, अभिनेता अयोध्या में अपने दिवंगत पिता और प्रसिद्ध कवि डॉ. हरिवंश राय बच्चन की स्मृति में एक मेमोरियल धर्मशाला बनाने की तैयारी कर रहे हैं। इसके लिए अयोध्या विकास प्राधिकरण (ADA) में नक्शा स्वीकृति की प्रक्रिया […]

Advertisement
Gauravshali Bharat
Gauravshali Bharat News
  • September 16, 2026 1:59 pm IST, Published 1 hour ago

अयोध्या: बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन से जुड़ी अयोध्या की एक नई खबर सामने आई है। रिपोर्टों के मुताबिक, अभिनेता अयोध्या में अपने दिवंगत पिता और प्रसिद्ध कवि डॉ. हरिवंश राय बच्चन की स्मृति में एक मेमोरियल धर्मशाला बनाने की तैयारी कर रहे हैं। इसके लिए अयोध्या विकास प्राधिकरण (ADA) में नक्शा स्वीकृति की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। प्रस्तावित धर्मशाला में 20 से अधिक कमरों की योजना बताई जा रही है।

करीब 15 करोड़ की जमीन पर प्रस्तावित है धर्मशाला

उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, अमिताभ बच्चन ने अयोध्या के दशरथ पथ के किनारे स्थित ‘द सरयू’ परियोजना में करीब 15 करोड़ रुपये की लागत से जमीन खरीदी थी। इसी जमीन पर मेमोरियल धर्मशाला बनाने की तैयारी की जा रही है। प्रस्तावित परियोजना का उद्देश्य उनके पिता हरिवंश राय बच्चन की स्मृति को स्थायी रूप से संरक्षित करने के साथ अयोध्या आने वाले लोगों के लिए आवासीय सुविधा उपलब्ध कराना बताया गया है।

अयोध्या विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष अनुराग जैन ने आजतक को बताया कि धर्मशाला के नक्शे का आवेदन प्रक्रिया में है। रिपोर्ट के मुताबिक, नक्शे पर आपत्तियां आमंत्रित करने के लिए 15 दिन का समय दिया गया है। आपत्ति प्रक्रिया और नियमानुसार परीक्षण पूरा होने के बाद स्वीकृति पर फैसला लिया जाएगा।

धर्मशाला में 20 से ज्यादा कमरों की योजना

प्रस्तावित मेमोरियल धर्मशाला में 20 से अधिक कमरों की योजना सामने आई है। यदि नक्शे को नियमानुसार मंजूरी मिलती है और अन्य औपचारिकताएं पूरी होती हैं, तो इसके बाद निर्माण कार्य शुरू किया जा सकता है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि अक्टूबर तक मंजूरी मिलने की संभावना जताई गई है, हालांकि अंतिम निर्णय संबंधित प्राधिकरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगा।

धर्मशाला के निर्माण का एक महत्वपूर्ण पहलू यह भी है कि इसका संबंध सीधे हरिवंश राय बच्चन की स्मृति से जोड़ा जा रहा है। अमिताभ बच्चन के पिता हिंदी साहित्य के प्रमुख कवियों में शामिल रहे हैं और उनकी रचनाओं ने हिंदी साहित्य में अलग पहचान बनाई। ऐसे में अयोध्या में उनके नाम से प्रस्तावित स्मारक का सांस्कृतिक पक्ष भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

पहले भी अयोध्या में जमीन खरीद चुके हैं अमिताभ

अमिताभ बच्चन का अयोध्या से जुड़ा रियल एस्टेट निवेश नया नहीं है। मार्च 2025 में अमर उजाला ने रिपोर्ट किया था कि हरिवंश राय बच्चन मेमोरियल ट्रस्ट के नाम से अयोध्या में 20 बिस्वा जमीन की रजिस्ट्री हुई थी। उस जमीन की कीमत करीब 86 लाख रुपये बताई गई थी और यह सरयू नदी के पास तिहुरा माझा क्षेत्र में स्थित थी।

इसके अलावा 2026 में अमिताभ बच्चन द्वारा अयोध्या में 2.67 एकड़ जमीन करीब 35 करोड़ रुपये में खरीदने की भी रिपोर्ट सामने आई थी। अमर उजाला के अनुसार, यह जमीन सरयू तट के नजदीक ‘द सरयू’ परियोजना के पास स्थित है। रिपोर्ट के मुताबिक यह अयोध्या में उनका तीसरा निवेश और संबंधित डेवलपर के साथ चौथा प्लॉटेड डेवलपमेंट प्रोजेक्ट था।

इससे पहले 2025 में लगभग 25,000 वर्ग फुट का एक प्लॉट करीब 40 करोड़ रुपये में खरीदे जाने की भी जानकारी सामने आई थी। वहीं 2024 में ‘द सरयू’ परियोजना में करीब 10,000 वर्ग फुट का प्लॉट लगभग 14.5 करोड़ रुपये में खरीदने की रिपोर्ट प्रकाशित हुई थी।

पिता की स्मृति से जुड़ रहा है अयोध्या का निवेश

अमिताभ बच्चन द्वारा हरिवंश राय बच्चन के नाम से ट्रस्ट के जरिए जमीन खरीदने की खबर पहले भी सामने आ चुकी है। मार्च 2025 की रिपोर्ट में बताया गया था कि ट्रस्ट के नाम पर खरीदी गई जमीन का स्थान राम मंदिर से लगभग सात किलोमीटर दूर और सरयू नदी के आसपास है।

अब इसी पृष्ठभूमि में धर्मशाला की प्रस्तावित योजना को देखा जा रहा है। हालांकि यह स्पष्ट करना जरूरी है कि वर्तमान में धर्मशाला का निर्माण पूरा नहीं हुआ है और नक्शे की स्वीकृति की प्रक्रिया चल रही है। इसलिए निर्माण शुरू होने और परियोजना के अंतिम स्वरूप के बारे में आधिकारिक मंजूरी के बाद ही अंतिम तस्वीर स्पष्ट होगी।

श्रद्धालुओं के लिए भी सुविधा का दावा

अयोध्या विकास प्राधिकरण के अधिकारी के हवाले से रिपोर्ट में कहा गया है कि धर्मशाला बनने से अयोध्या आने वाले श्रद्धालुओं को सुविधाएं मिल सकती हैं। राम मंदिर के निर्माण के बाद अयोध्या में धार्मिक पर्यटन और उससे जुड़े बुनियादी ढांचे पर लगातार ध्यान बढ़ा है। शहर में सड़क, आवास, पर्यटन और अन्य सुविधाओं से जुड़ी परियोजनाएं भी विकसित हो रही हैं। इसी बदलते परिदृश्य में अमिताभ बच्चन की प्रस्तावित धर्मशाला को भी देखा जा रहा है।

मंजूरी के बाद शुरू होगा निर्माण

फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण चरण नक्शे की स्वीकृति और आपत्तियों की प्रक्रिया है। एडीए की ओर से निर्धारित प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही निर्माण की अनुमति का रास्ता साफ होगा। यदि प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है, तो इसके बाद भवन निर्माण से जुड़ी आगे की औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी।

इस तरह अमिताभ बच्चन का अयोध्या से जुड़ा यह नया प्रोजेक्ट उनकी निजी संपत्ति और निवेश से आगे बढ़कर उनके पिता हरिवंश राय बच्चन की स्मृति से भी जुड़ता दिखाई दे रहा है। प्रस्तावित मेमोरियल धर्मशाला कितने क्षेत्र में विकसित होगी, इसका अंतिम स्वरूप क्या होगा और निर्माण कब शुरू होगा, इसकी स्थिति संबंधित प्राधिकरण की मंजूरी के बाद ही स्पष्ट होगी।

नोट: ₹15 करोड़ वाली जमीन और 20 से अधिक कमरों वाली प्रस्तावित धर्मशाला संबंधी विवरण 15 सितंबर 2026 की आजतक रिपोर्ट पर आधारित हैं। वहीं अमिताभ बच्चन की अयोध्या में अन्य जमीन खरीद से संबंधित आंकड़े अलग-अलग रिपोर्टों में अलग संपत्तियों के लिए बताए गए हैं।

Advertisement