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आंध्र प्रदेश के तट से टकराया चक्रवाती तूफान अर्नब

135 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाएं; 50 ट्रेनें और 21 उड़ानें रद्द आंध्र प्रदेश। चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ ने आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में दस्तक देने के बाद जनजीवन प्रभावित कर दिया है। मंगलवार देर रात करीब साढ़े तीन बजे तूफान आंध्र प्रदेश के तट से टकराया। इस दौरान हवा की रफ्तार […]

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  • October 28, 2026 7:34 am IST, Published 46 minutes ago

135 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाएं; 50 ट्रेनें और 21 उड़ानें रद्द

आंध्र प्रदेश। चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ ने आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में दस्तक देने के बाद जनजीवन प्रभावित कर दिया है। मंगलवार देर रात करीब साढ़े तीन बजे तूफान आंध्र प्रदेश के तट से टकराया। इस दौरान हवा की रफ्तार 125 से 135 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई। तेज हवाओं और भारी बारिश के कारण कई इलाकों में पेड़ गिर गए और बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। वहीं, निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ने के बाद हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।

तूफान के प्रभाव को देखते हुए रेलवे और विमान सेवाओं पर भी असर पड़ा है। करीब 50 ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं, जबकि विजयवाड़ा और विशाखापट्टनम हवाई अड्डों से जुड़ी 21 उड़ानें रद्द होने की जानकारी दी गई है। प्रशासन ने तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पालन करने की अपील की है।

आंध्र प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश

चक्रवाती तूफान के कारण आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम, अनकापल्ली, काकीनाड़ा और कोनसीमा समेत कई इलाकों में भारी बारिश हो रही है। तेज हवाओं के चलते पेड़ और बिजली के खंभे गिरने की आशंका बनी हुई है। कई स्थानों पर बिजली आपूर्ति प्रभावित होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

निचले इलाकों में पानी भरने और बाढ़ की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने राहत एवं बचाव कार्य तेज कर दिए हैं। प्रभावित क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासनिक अमले को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।

आंध्र प्रदेश और ओडिशा में बनाए गए 4,000 चक्रवात आश्रय केंद्र

तूफान की गंभीरता को देखते हुए आंध्र प्रदेश और ओडिशा में करीब 4,000 चक्रवात आश्रय केंद्र तैयार किए गए हैं। इन केंद्रों में प्रभावित लोगों को सुरक्षित रखने की व्यवस्था की गई है।

ओडिशा में भी भारी बारिश के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। राज्य के 16 जिलों में स्कूल बंद कर दिए गए हैं। इसके अलावा करीब 30 हजार लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। प्रशासन की प्राथमिकता लोगों को सुरक्षित रखना और तूफान से होने वाले नुकसान को कम करना है।

तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को समुद्र के आसपास जाने से बचने, कमजोर मकानों और पेड़ों के नीचे शरण नहीं लेने तथा प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।

50 ट्रेनें और 21 उड़ानें रद्द, यात्रियों की बढ़ी परेशानी

चक्रवाती तूफान के कारण रेल और हवाई यातायात प्रभावित होने से यात्रियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। करीब 50 ट्रेनें रद्द होने से रेलवे यात्रियों को अपनी यात्रा की योजना बदलनी पड़ सकती है। वहीं, विजयवाड़ा और विशाखापट्टनम हवाई अड्डों से संबंधित 21 उड़ानें रद्द होने के कारण हवाई यात्रियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

यात्रियों को सलाह दी गई है कि यात्रा शुरू करने से पहले संबंधित रेलवे और विमानन सेवाओं से अपनी ट्रेन या उड़ान की स्थिति की जानकारी प्राप्त कर लें।

मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में बारिश का अलर्ट

चक्रवाती तूफान अर्नब का प्रभाव आंध्र प्रदेश और ओडिशा तक सीमित रहने की संभावना नहीं है। मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, बिहार, उत्तर प्रदेश, झारखंड और तेलंगाना समेत कई राज्यों में बारिश का अलर्ट जारी किया है।

इन राज्यों में मौसम के बदलते मिजाज को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। कुछ क्षेत्रों में तेज बारिश से यातायात, बिजली आपूर्ति और सामान्य जनजीवन प्रभावित हो सकता है।

प्रशासन अलर्ट, लोगों से सतर्क रहने की अपील

चक्रवाती तूफान के दौरान तेज हवाएं, भारी बारिश और जलभराव गंभीर खतरा पैदा कर सकते हैं। ऐसे में प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।

तूफान के प्रभाव को देखते हुए राहत एवं बचाव दलों को तैयार रखने और संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाने की जरूरत है। आने वाले समय में बारिश और हवा की स्थिति के आधार पर प्रशासन आगे के कदम उठा सकता है।

नोट: तूफान की स्थिति, ट्रेन और उड़ानों के संचालन तथा मौसम संबंधी चेतावनियों में बदलाव हो सकता है। यात्रियों और प्रभावित क्षेत्रों के लोगों को संबंधित अधिकारियों की ताजा जानकारी पर ध्यान देना चाहिए।

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