नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने गंगा नदी के प्राकृतिक और अविरल प्रवाह को बनाए रखने के उद्देश्य से बड़ा फैसला लिया है। केंद्र सरकार ने तय किया है कि उत्तराखंड में अब गंगा नदी पर कोई नई पनबिजली परियोजना शुरू नहीं की जाएगी।
गंगा और उसकी सहायक नदियों पर 28 नई जलविद्युत परियोजनाएं प्रस्तावित थीं, लेकिन अब इन योजनाओं को आगे नहीं बढ़ाया जाएगा। हालांकि जिन सात परियोजनाओं पर पहले से निर्माण कार्य चल रहा है, उन्हें जारी रखने की अनुमति दी गई है।
यह फैसला जल शक्ति मंत्रालय, ऊर्जा मंत्रालय और पर्यावरण मंत्रालय की संयुक्त बैठक में लिया गया। केंद्र सरकार ने इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट को भी अपनी स्थिति से अवगत करा दिया है। सरकार का मानना है कि गंगा का प्राकृतिक प्रवाह बनाए रखना पर्यावरण संरक्षण और धार्मिक आस्था दोनों के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है।
नई परियोजनाओं पर रोक से नदी के पारिस्थितिक संतुलन को सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी और जल प्रवाह पर पड़ने वाले दबाव को कम किया जा सकेगा। इस फैसले से हिमालयी क्षेत्रों की पर्यावरणीय संवेदनशीलता को भी ध्यान में रखा गया है। साथ ही गंगा संरक्षण से जुड़े प्रयासों को नई मजबूती मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।