गाजीपुर: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में हुई चर्चित पुलिस मुठभेड़ को लेकर प्रदेश सरकार में मंत्री संजय निषाद का बयान चर्चा का विषय बन गया है। उन्होंने मुठभेड़ में मारे गए कमलेश बिंद को लेकर कई सवाल उठाते हुए कहा कि उपलब्ध जानकारी के अनुसार वह मामले का मुख्य आरोपी नहीं था।
संजय निषाद ने कहा कि किसी भी घटना की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच होना आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी मामले में अन्य आरोपी या तथ्य सामने आते हैं तो उनकी भी गहन जांच की जानी चाहिए। मंत्री के बयान के बाद मुठभेड़ को लेकर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर नई बहस शुरू हो गई है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि कानून का शासन सर्वोपरि है और हर व्यक्ति को न्यायिक प्रक्रिया के तहत अपना पक्ष रखने का अवसर मिलना चाहिए। साथ ही उन्होंने संबंधित मामले में तथ्यों को सार्वजनिक करने और जांच एजेंसियों द्वारा पूरी पारदर्शिता बरतने की आवश्यकता बताई।
गौरतलब है कि गाजीपुर में हुई पुलिस मुठभेड़ को लेकर पहले से ही विभिन्न पक्षों की ओर से सवाल उठाए जा रहे हैं। ऐसे में मंत्री संजय निषाद का बयान इस पूरे मामले को और अधिक चर्चा में ले आया है।
फिलहाल प्रशासन और पुलिस अपने स्तर पर कार्रवाई और जांच की प्रक्रिया आगे बढ़ा रहे हैं। मामले से जुड़े सभी तथ्यों और परिस्थितियों पर नजर रखी जा रही है। आगे की जांच और आधिकारिक रिपोर्ट के बाद ही पूरे घटनाक्रम की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सकेगी।