रांची: झारखंड सरकार ने राजधानी रांची में सड़क बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। राज्य कैबिनेट ने बिरसा चौक से धुर्वा गोलचक्कर और प्रोजेक्ट भवन से हटिया के चांदनी चौक तक सड़क के चौड़ीकरण और पुनर्निर्माण की महत्वपूर्ण परियोजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना पर कुल 36.30 करोड़ रुपये की लागत आएगी।
फोरलेन निर्माण: पथ निर्माण विभाग द्वारा प्रस्तावित यह परियोजना 2.697 किलोमीटर लंबी फोरलेन सड़क के निर्माण को कवर करेगी, जो पुलिस मुख्यालय से होकर गुजरेगी।
महत्वपूर्ण केंद्रों से जुड़ाव: यह सड़क एचईसी (HEC) कॉर्पोरेट ऑफिस, गेस्ट हाउस, स्मार्ट सिटी और सिविल हेडक्वार्टर जैसे प्रमुख प्रशासनिक और व्यावसायिक केंद्रों को आपस में जोड़ेगी।
अतिरिक्त सुविधाएं: सड़क के चौड़ीकरण और मजबूतीकरण के अलावा, इस स्वीकृत योजना में सौंदर्यीकरण के लिए पौधारोपण भी शामिल है।
राज्य कैबिनेट ने सड़क विकास के अलावा चिकित्सा और प्रशासनिक क्षेत्र में भी कई बड़े निर्णय लिए हैं:
चिकित्सा छात्र: राज्य के मेडिकल कॉलेजों में अध्ययनरत विदेशी छात्रों को इंटर्नशिप के दौरान स्टाइपेंड देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है।
नई नियमावली: ‘झारखंड योजना सेवा नियमावली, 2026’ और ‘झारखंड राज्य निम्नवर्गीय लिपिक-सह-कंप्यूटर संचालक सेवा संवर्ग (भर्ती, प्रोन्नति एवं अन्य सेवा शर्ते) नियमावली-2026’ के गठन को स्वीकृति दी गई।
अन्य सड़क परियोजनाएं: चतरा में सिमरिया-टंडवा पथ के सुधार के लिए 33.76 करोड़ रुपये, साहिबगंज में गोपलांडीह से भोगनाडीह तक सड़क निर्माण के लिए 88.84 करोड़ रुपये, और गोविंदपुर-साहिबगंज एडीबी पथ के चौड़ीकरण के लिए 221.4 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है।
अनुशासनात्मक कार्रवाई: 2015 से लगातार अनुपस्थित चाईबासा के चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. शशिकांत प्रसाद को सेवा से बर्खास्त करने का निर्णय लिया गया।
औद्योगिक विकास: सरायकेला-खरसावां जिले में औद्योगिक प्रयोजन के लिए 0.18 एकड़ भूमि मेसर्स फ्लिटगार्ड फिल्टर प्रा.लि. को 30 वर्षों के लिए लीज पर देने की स्वीकृति दी गई है।
ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने जानकारी दी कि ‘विबी-जीरामजी योजना’ के तहत होने वाले कुल वित्तीय भार का 40 प्रतिशत हिस्सा राज्य सरकार द्वारा वहन किया जाएगा।