नई दिल्ली: देश की राजधानी दिल्ली के मुकुंदपुर इलाके से एक बेहद दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक कलयुगी पिता ने अपनी ही 10 महीने की मासूम बच्ची की गला दबाकर बेरहमी से हत्या कर दी और अपराध को छिपाने के लिए शव को घर के ही सेप्टिक टैंक में फेंक दिया।
हैरान करने वाली बात यह है कि वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पिता खुद ही पुलिस के सामने बच्ची के गायब होने का ड्रामा करता रहा। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
भलस्वा डेयरी थाना क्षेत्र के मुकुंदपुर का रहने वाला आरोपी दीपक (28) एक निजी स्कूल में वैन ड्राइवर का काम करता है। उसने पुलिस को गुमराह करने के लिए शनिवार को एक झूठी कहानी रची। दीपक ने दावा किया कि वह बाजार से दूध और बिस्किट लेने गया था, और जब वापस लौटा तो उसकी 10 महीने की बेटी घर से गायब थी। बच्ची के लापता होने की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए आउटर नॉर्थ जिले के DCP हरेश्वर स्वामी के निर्देश पर कई पुलिस टीमों का गठन किया गया। इलाके में बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन शुरू हुआ और आसपास के CCTV फुटेज खंगाले गए।
जांच के दौरान पुलिस को आरोपी दीपक के बयानों में कई विरोधाभास (Contradictions) मिले। जब CCTV फुटेज चेक किए गए, तो दीपक का वह दावा पूरी तरह झूठा निकला जिसमें उसने बाहर जाने की बात कही थी। शक गहराने पर जब पुलिस ने दीपक से कड़ाई से पूछताछ की, तो वह टूट गया और उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया।
DCP आउटर नॉर्थ, हरेश्वर स्वामी: “जांच के दौरान आरोपी के बयानों में लगातार बदलाव आ रहा था। तकनीक और CCTV की मदद से जब उसकी थ्योरी गलत साबित हुई, तो सख्ती से पूछताछ की गई। आरोपी ने बच्ची की हत्या कर शव को सेप्टिक टैंक में छिपाने की बात कबूल कर ली है।”
पुलिस पूछताछ में आरोपी दीपक ने बताया कि वह आर्थिक तंगी से जूझ रहा था। घर में पहले से ही एक बड़ी बेटी थी, और 10 महीने पहले जब दूसरी बेटी ने जन्म लिया, तो वह उसकी परवरिश और पढ़ाई-लिखाई के खर्च को लेकर लगातार मानसिक तनाव में रहने लगा। इसी नाराजगी और तंगी के कारण उसने मासूम को हमेशा के लिए रास्ते से हटाने का खौफनाक फैसला ले लिया।