नयी दिल्लीः दिल्ली में शराब खरीदने वाले लोगों के लिए नई सुविधा शुरू की गई है। अब ग्राहक सरकारी शराब की चुनिंदा दुकानों पर जाने से पहले ऑनलाइन बुकिंग कर सकेंगे। दिल्ली राज्य औद्योगिक एवं अवसंरचना विकास निगम (DSIIDC) ने इसके लिए ‘Delhi Liquor Booking’ नाम से ऐप लॉन्च किया है। इस व्यवस्था का उद्देश्य शराब की दुकानों पर लगने वाली लंबी कतारों को कम करना, ग्राहकों को खरीदारी में सुविधा देना और बिलिंग प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाना है। हालांकि, इस सुविधा के शुरू होने का मतलब यह नहीं है कि शराब की होम डिलीवरी भी शुरू हो गई है। ग्राहकों को ऑनलाइन बुकिंग के बाद संबंधित दुकान पर जाकर ही शराब लेनी होगी।
फिलहाल यह सुविधा DSIIDC द्वारा संचालित 208 सरकारी शराब की दुकानों पर उपलब्ध कराई गई है। ग्राहक ऐप के माध्यम से उपलब्ध शराब के ब्रांड, बोतल का आकार और अपनी जरूरत के मुताबिक मात्रा का चयन कर सकते हैं। इसके बाद ऑनलाइन भुगतान करने का विकल्प भी मिलेगा। इस प्रक्रिया से ग्राहकों को दुकान पर पहुंचने से पहले ही अपनी पसंद की शराब चुनने और भुगतान पूरा करने की सुविधा मिल सकेगी।
ऑनलाइन बुकिंग की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ग्राहक को एक क्यूआर कोड मिलेगा। शराब की दुकान पर पहुंचने के बाद इस कोड को स्कैन कराना होगा, जिसके बाद बुकिंग के अनुसार शराब प्राप्त की जा सकेगी। इस व्यवस्था का मकसद दुकान पर खरीदारी के दौरान लगने वाले समय को कम करना है। खासकर उन दुकानों पर, जहां ग्राहकों की भीड़ अधिक रहती है, वहां इस सुविधा से लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
हालांकि, ऑनलाइन बुकिंग करने वाले ग्राहकों के लिए समयसीमा का ध्यान रखना जरूरी होगा। बुकिंग के बाद शराब को 48 घंटे के भीतर संबंधित दुकान से लेना होगा। निर्धारित समय में शराब नहीं लेने की स्थिति में क्या प्रक्रिया अपनाई जाएगी, इससे संबंधित नियमों की जानकारी ग्राहकों को ऐप पर उपलब्ध निर्देशों के अनुसार देखनी चाहिए। इसलिए बुकिंग करने से पहले दुकान, उपलब्ध ब्रांड और संग्रह की शर्तों की जांच करना उपयोगी रहेगा।
इस नई व्यवस्था को शराब की खुदरा बिक्री में डिजिटल तकनीक के इस्तेमाल की दिशा में एक कदम माना जा रहा है। अभी तक ग्राहकों को कई बार अपनी पसंद का ब्रांड खरीदने के लिए दुकान पर जाकर उपलब्धता की जानकारी लेनी पड़ती थी। भीड़ होने पर इंतजार भी करना पड़ता था। ऑनलाइन बुकिंग से ग्राहक पहले ही उपलब्ध विकल्प देख सकेंगे और भुगतान पूरा करने के बाद दुकान से अपना ऑर्डर प्राप्त कर सकेंगे। इससे खरीदारी की प्रक्रिया को व्यवस्थित बनाने में मदद मिल सकती है।
सरकारी दुकानों पर बिलिंग में पारदर्शिता बढ़ाना भी इस पहल का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य है। डिजिटल भुगतान और क्यूआर कोड के इस्तेमाल से बुकिंग तथा भुगतान का रिकॉर्ड इलेक्ट्रॉनिक रूप में उपलब्ध रहेगा। इससे लेनदेन की प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित करने में सहायता मिल सकती है। हालांकि, व्यवस्था कितनी प्रभावी साबित होगी, यह ग्राहकों की प्रतिक्रिया, ऐप की कार्यप्रणाली और दुकानों पर इसके क्रियान्वयन पर निर्भर करेगा।
यहां सबसे अहम बात यह है कि ऑनलाइन बुकिंग को शराब की घर तक डिलीवरी के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। ग्राहक ऐप के माध्यम से अपनी पसंद की शराब चुनकर उसका भुगतान कर सकते हैं, लेकिन उन्हें निर्धारित सरकारी दुकान पर जाकर ही शराब प्राप्त करनी होगी। फिलहाल सुविधा का दायरा DSIIDC की 208 दुकानों तक सीमित है। ऐसे में ग्राहकों को बुकिंग करने से पहले यह जांच लेना चाहिए कि उनके लिए संबंधित दुकान पर यह विकल्प उपलब्ध है या नहीं।
दिल्ली में शुरू की गई यह पहल उन लोगों के लिए उपयोगी साबित हो सकती है, जो शराब की दुकानों पर लंबी कतारों से बचना चाहते हैं। आने वाले समय में इस सुविधा का प्रभाव इस बात से तय होगा कि कितने ग्राहक इसका इस्तेमाल करते हैं और क्या इससे दुकानों पर भीड़ तथा खरीदारी में लगने वाला समय वास्तव में कम होता है।