ग़ाज़ियाबाद: गाजियाबाद में श्रमिकों के वेतन को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। जिला प्रशासन ने निर्देश जारी करते हुए कहा है कि एक अप्रैल से लागू नई वेतन दरों के अनुसार सभी कारखानों और वाणिज्यिक संस्थानों में कार्यरत श्रमिकों को भुगतान सुनिश्चित किया जाए। सात मई तक हर हाल में बढ़ी हुई दर से वेतन देना अनिवार्य होगा।
जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़ ने उद्योग संगठनों के साथ कलक्ट्रेट में आयोजित बैठक में स्पष्ट किया कि आदेश का पालन न करने वाली फर्मों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे मामलों में लाइसेंस रद्द करने के साथ-साथ संस्थान को ब्लैकलिस्ट भी किया जा सकता है। नई दरों के अनुसार अकुशल श्रमिकों के लिए मासिक वेतन 13,690 रुपये, अर्द्धकुशल के लिए 15,049 रुपये और कुशल श्रमिकों के लिए 16,868 रुपये निर्धारित किया गया है। इसके अलावा, यदि किसी श्रमिक से आठ घंटे से अधिक काम लिया जाता है, तो उसे नियमानुसार दोगुनी दर से ओवरटाइम का भुगतान करना होगा।
प्रशासन ने यह भी निर्देश दिया है कि सभी नियोक्ता वेतन भुगतान सुनिश्चित करने के लिए एक प्रतिनिधि नियुक्त करें। साथ ही उपनिदेशक कारखाना को श्रमिकों की सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। नियमित अंतराल पर मेडिकल शिविर आयोजित कर श्रमिकों के स्वास्थ्य परीक्षण की व्यवस्था भी अनिवार्य की गई है।