चंदौली में 13 लाख की शराब बरामद, गुप्त चैम्बर से खेप बरामद

चंदौली: पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त कार्रवाई में शराब तस्करी के एक बड़े मामले का खुलासा हुआ है। कंदवा पुलिस के साथ स्वाट और सर्विलांस टीम ने एक ट्रक की जांच के दौरान भारी मात्रा में अवैध शराब और बीयर बरामद की। पुलिस के मुताबिक, तस्करों ने शराब को सामान्य तरीके से ले जाने […]

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  • September 14, 2026 7:00 pm IST, Published 42 minutes ago

चंदौली: पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त कार्रवाई में शराब तस्करी के एक बड़े मामले का खुलासा हुआ है। कंदवा पुलिस के साथ स्वाट और सर्विलांस टीम ने एक ट्रक की जांच के दौरान भारी मात्रा में अवैध शराब और बीयर बरामद की। पुलिस के मुताबिक, तस्करों ने शराब को सामान्य तरीके से ले जाने के बजाय ट्रक में बनाए गए एक गुप्त चैम्बर में छिपाकर रखा था। बरामद शराब की कुल मात्रा करीब 1354.8 लीटर बताई गई है, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 13 लाख रुपये है।

पुलिस को सूचना मिली थी कि एक ट्रक के जरिए अवैध शराब की खेप दूसरे राज्य में ले जाई जा रही है। सूचना के आधार पर टीम ने संदिग्ध वाहन की निगरानी शुरू की। ट्रक को रोककर जब उसकी तलाशी ली गई तो शुरुआत में सब कुछ सामान्य नजर आया, लेकिन पुलिस को वाहन के भीतर बनाए गए एक विशेष हिस्से पर संदेह हुआ। जांच आगे बढ़ाने पर ट्रक में गुप्त रूप से तैयार किए गए चैम्बर का पता चला। इसे खोलने के बाद उसके अंदर शराब और बीयर की बड़ी खेप बरामद हुई।

बरामद शराब की मात्रा सामने आने के बाद पुलिस ने ट्रक को कब्जे में लेकर चालक को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी चालक मिर्जापुर जिले का रहने वाला बताया गया है। पुलिस अब उससे पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि शराब की खेप कहां से लोड की गई थी और इसे बिहार में किस व्यक्ति या नेटवर्क तक पहुंचाया जाना था। जांच में तस्करी से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका सामने आने की भी संभावना है।

पुलिस के अनुसार, शराब को बिहार में ऊंचे दामों पर बेचने की योजना थी। शराब की अवैध तस्करी करने वाले गिरोह अक्सर ऐसे राज्यों को निशाना बनाते हैं जहां शराब की बिक्री पर सख्त पाबंदियां या अलग-अलग नियम लागू हैं। इस मामले में भी ट्रक के जरिए शराब को दूसरे राज्य तक पहुंचाने की कोशिश की जा रही थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी पहले भी इस तरह की खेप पहुंचा चुका है या नहीं।

ट्रक में गुप्त चैम्बर बनाए जाने से यह संकेत मिलता है कि शराब की खेप को सामान्य जांच से बचाने के लिए विशेष तरीके का इस्तेमाल किया गया था। ऐसे मामलों में तस्कर वाहन के मूल ढांचे में बदलाव कर अतिरिक्त जगह तैयार करते हैं, ताकि बाहर से देखने पर वाहन सामान्य नजर आए। हालांकि, पुलिस की तलाशी में इस छिपे हुए हिस्से का पता चल गया और पूरी खेप बरामद कर ली गई।

कार्रवाई के बाद पुलिस ने बरामद शराब और बीयर को कब्जे में लेकर ट्रक को सीज कर दिया है। गिरफ्तार चालक के खिलाफ आबकारी अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच जारी है और पुलिस बरामदगी से जुड़े दस्तावेजों, वाहन के इस्तेमाल और तस्करी के संभावित नेटवर्क की जानकारी जुटा रही है।

अधिकारियों का कहना है कि शराब तस्करी के खिलाफ अभियान लगातार जारी है और दूसरे राज्यों में अवैध रूप से शराब पहुंचाने वाले नेटवर्क पर नजर रखी जा रही है। इस कार्रवाई में कंदवा पुलिस, स्वाट और सर्विलांस टीम की भूमिका रही। अब जांच का अगला चरण उस नेटवर्क तक पहुंचना है, जिसके जरिए शराब की यह खेप मंगाई और भेजी गई थी। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस कारोबार में चालक के अलावा और कौन-कौन लोग शामिल हैं।

फिलहाल 1354.8 लीटर शराब और बीयर की बरामदगी को पुलिस की अहम कार्रवाई माना जा रहा है। करीब 13 लाख रुपये मूल्य की इस खेप के पकड़े जाने से तस्करी के नेटवर्क को झटका लगा है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद मामले में और तथ्य सामने आने की उम्मीद है।

 

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