नयी दिल्लीः GST काउंसिल की 57वीं बैठक की तारीख में बदलाव किया गया है। पहले यह बैठक 12 सितंबर को आयोजित होने वाली थी, लेकिन अब इसे 7 अक्टूबर को आयोजित किया जाएगा। GST काउंसिल की यह महत्वपूर्ण बैठक नई दिल्ली में होगी। बैठक की नई तारीख सामने आने के बाद अब केंद्र और राज्यों से जुड़े अधिकारियों तथा अन्य संबंधित पक्षों को तैयारियों के लिए अतिरिक्त समय मिल गया है।
57वीं बैठक को लेकर कारोबारी जगत और करदाताओं की नजरें बनी हुई हैं। काउंसिल की बैठकों में लिए जाने वाले फैसलों का असर कारोबार, उद्योग और आम उपभोक्ताओं पर पड़ सकता है। हालांकि, 7 अक्टूबर को होने वाली बैठक में किन-किन मुद्दों पर चर्चा होगी, इसकी विस्तृत जानकारी और एजेंडा सामने आने के बाद ही संभावित फैसलों की तस्वीर स्पष्ट होगी।
GST व्यवस्था लागू होने के बाद से GST काउंसिल लगातार कर प्रणाली को सरल बनाने और इसके क्रियान्वयन से जुड़ी समस्याओं का समाधान करने के लिए फैसले लेती रही है। समय-समय पर अलग-अलग वस्तुओं और सेवाओं पर GST की दरों में बदलाव किए गए हैं। इसके अलावा रिटर्न दाखिल करने, अनुपालन और अन्य प्रक्रियाओं को आसान बनाने के लिए भी कई कदम उठाए गए हैं।
बैठक की तारीख में बदलाव का मतलब है कि 12 सितंबर को अब GST काउंसिल की बैठक नहीं होगी। नई व्यवस्था के तहत परिषद की 57वीं बैठक 7 अक्टूबर को नई दिल्ली में आयोजित की जाएगी। इस दौरान केंद्र और राज्यों के बीच GST से जुड़े विभिन्न लंबित और नए प्रस्तावों पर चर्चा होने की संभावना रहेगी।
उद्योग जगत के लिए GST काउंसिल की बैठक इसलिए भी अहम होती है क्योंकि कर दरों या नियमों में बदलाव से कंपनियों की लागत, उत्पादों की कीमत और कारोबारी प्रक्रियाओं पर प्रभाव पड़ सकता है। छोटे और मध्यम कारोबारियों के लिए भी GST से जुड़े नियमों में किसी तरह का बदलाव महत्वपूर्ण होता है।
आम उपभोक्ताओं की नजर भी बैठक पर रहेगी। यदि किसी वस्तु या सेवा पर GST दर में बदलाव किया जाता है, तो उसका असर उसकी अंतिम कीमत पर पड़ सकता है। हालांकि, किसी भी संभावित बदलाव को लेकर अभी अंतिम निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी।
अब 7 अक्टूबर को नई दिल्ली में होने वाली GST काउंसिल की 57वीं बैठक पर सभी की नजर रहेगी। बैठक में होने वाली चर्चा और लिए जाने वाले फैसलों से आने वाले समय में GST व्यवस्था को लेकर महत्वपूर्ण दिशा तय हो सकती है।