विजयवाड़ा। आंध्र प्रदेश के एनटीआर जिले में एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। विजयवाड़ा वेस्ट बाइपास पर एक इलेक्ट्रिक कार सड़क के डिवाइडर से टकराने के बाद आग की चपेट में आ गई। इस हादसे में चार लोगों की मौत हो गई, जबकि एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल की हालत नाजुक बताई जा रही है।
टक्कर के बाद कार में भीषण आग लग गई और देखते ही देखते वाहन पूरी तरह जलकर खाक हो गया। हादसे में कार सवार चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
जानकारी के मुताबिक, पीड़ित परिवार नाम्बुरु में एक पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने के बाद लौट रहा था। इसी दौरान विजयवाड़ा वेस्ट बाइपास पर उनकी कार हादसे का शिकार हो गई।
मृतकों की पहचान जिले के नुन्ना इलाके के निवासी 39 वर्षीय कोमारेड्डी रामदेव, उनकी मां अरुणा, नाम्बुरु की टिगुरु विजया और एक बच्चे के रूप में हुई है। हादसे में घायल व्यक्ति को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।
बताया जा रहा है कि कार के डिवाइडर से टकराने के बाद उसमें आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कार पूरी तरह जल गई। हादसे की वजह और आग लगने की परिस्थितियों को लेकर विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है।
घटना के कई वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं। इनमें जलती हुई कार से धुएं का घना गुबार उठता दिखाई दे रहा है। हालांकि, हादसे के वीडियो बेहद संवेदनशील हैं, इसलिए इन्हें साझा करते समय मृतकों और उनके परिवारों की गरिमा का ध्यान रखना जरूरी है।
इससे पहले पिछले महीने असम के नागांव जिले के पुराने गुदाम इलाके के केनापट्टी में भी एक कार दुर्घटना के बाद आग लग गई थी। उस हादसे में दो लोगों की मौत हुई थी, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हुए थे।
रिपोर्ट्स के अनुसार, कार में सवार लोग अरुणाचल प्रदेश से गुवाहाटी की ओर जा रहे थे। बताया गया था कि चालक ने वाहन पर से नियंत्रण खो दिया, जिसके बाद कार डिवाइडर से टकराई और स्ट्रीटलाइट के खंभे से जा भिड़ी। टक्कर के बाद कार में आग लग गई और वाहन पूरी तरह जल गया।
आंध्र प्रदेश की इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और दुर्घटना के बाद वाहन में आग लगने से जुड़े जोखिमों पर ध्यान खींचा है। फिलहाल हादसे के सटीक कारणों की पुष्टि होना बाकी है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई और आग लगने की वजह क्या थी।
इस हादसे में चार लोगों की मौत से परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। दुर्घटना के कारणों की जांच और घायल व्यक्ति का उपचार अब प्राथमिकता है।