नीट परीक्षा पेपर लीक मामले को लेकर बिलासपुर में हुए विरोध प्रदर्शन के बाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एनएसयूआई के कई प्रमुख नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई प्रदर्शन के दौरान कथित रूप से कानून-व्यवस्था प्रभावित होने और बैरिकेडिंग तोड़ने के आरोपों के आधार पर की गई है।
जानकारी के अनुसार, एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय राज्य मंत्री के निवास का घेराव करने का प्रयास किया था। पुलिस द्वारा पहले से सुरक्षा व्यवस्था और बैरिकेडिंग की गई थी, लेकिन प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने की कोशिश करते रहे। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी झड़प भी हुई।
मामले में भिलाई विधायक देवेंद्र यादव, एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़, प्रदेश अध्यक्ष नीरज पांडेय, जिला शहर अध्यक्ष सिद्धांशु मिश्रा सहित कई अन्य लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस का आरोप है कि प्रदर्शन के दौरान रास्ता अवरुद्ध किया गया और सार्वजनिक व्यवस्था प्रभावित हुई।
घटनाक्रम के दौरान स्थिति तनावपूर्ण होने पर पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पानी की बौछार का सहारा लिया। झड़प में कुछ कार्यकर्ताओं के घायल होने की भी सूचना है, जबकि कई लोगों को हिरासत में लिया गया था।
इस कार्रवाई के बाद प्रदेश की राजनीति में भी हलचल बढ़ गई है। विपक्षी दल जहां इसे लोकतांत्रिक विरोध की आवाज दबाने की कोशिश बता रहे हैं, वहीं प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना उसकी प्राथमिक जिम्मेदारी है। मामले को लेकर आगे राजनीतिक प्रतिक्रियाएं और तेज होने की संभावना है।