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Essel Group पर टूटा दुखों का पहाड़, डॉ. सुभाष चंद्रा के पिता का निधन

मुंबई। देश के प्रमुख उद्योगपति एवं Essel Group के चेयरमैन डॉ. सुभाष चंद्रा के परिवार से एक बेहद दुखद समाचार सामने आया है। उनके पिता एवं प्रख्यात समाजसेवी श्री नंद किशोर गोयनका का सोमवार दोपहर मुंबई में 96 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन की खबर सामने आते ही उद्योग जगत, सामाजिक […]

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Gauravshali Bharat News
  • July 13, 2026 4:22 pm IST, Published 1 hour ago

मुंबई। देश के प्रमुख उद्योगपति एवं Essel Group के चेयरमैन डॉ. सुभाष चंद्रा के परिवार से एक बेहद दुखद समाचार सामने आया है। उनके पिता एवं प्रख्यात समाजसेवी श्री नंद किशोर गोयनका का सोमवार दोपहर मुंबई में 96 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन की खबर सामने आते ही उद्योग जगत, सामाजिक संगठनों, मीडिया जगत और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोगों ने गहरा शोक व्यक्त किया है।

बताया जा रहा है कि श्री नंद किशोर गोयनका ने सोमवार दोपहर लगभग 12:30 बजे मुंबई में अंतिम सांस ली। परिवार की ओर से उनके निधन की पुष्टि की गई है। उनके जाने से गोयनका परिवार ही नहीं, बल्कि उन सभी लोगों को गहरा आघात पहुंचा है, जो वर्षों से उनके सामाजिक कार्यों और प्रेरणादायी व्यक्तित्व से जुड़े रहे।

श्री नंद किशोर गोयनका अपने सादगीपूर्ण जीवन, सामाजिक सेवा और मानवीय मूल्यों के लिए जाने जाते थे। उन्होंने हमेशा समाज के कमजोर और जरूरतमंद वर्गों की सहायता को प्राथमिकता दी। यही कारण रहा कि वे अपने क्षेत्र में एक सम्मानित सामाजिक व्यक्तित्व के रूप में पहचाने जाते थे। उनके जीवन के आदर्शों ने न केवल उनके परिवार बल्कि समाज के अनेक लोगों को भी प्रेरित किया।

Essel Group के चेयरमैन डॉ. सुभाष चंद्रा ने अपने सार्वजनिक जीवन में कई बार यह स्वीकार किया है कि उनके व्यक्तित्व, कार्यशैली और जीवन मूल्यों के निर्माण में उनके माता-पिता की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उनके पिता द्वारा दिए गए संस्कार, अनुशासन और मेहनत की सीख ने उन्हें व्यापार और सामाजिक जीवन में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में अहम योगदान दिया।

श्री नंद किशोर गोयनका का जीवन सादगी, ईमानदारी और सेवा की भावना का प्रतीक माना जाता है। वे हमेशा परिवार और समाज के बीच संतुलन बनाए रखने के पक्षधर रहे। सामाजिक कार्यों में उनकी सक्रिय भागीदारी के कारण उन्हें अनेक लोगों का स्नेह और सम्मान प्राप्त था।

उनके निधन की सूचना मिलते ही उद्योग जगत से जुड़े कई वरिष्ठ उद्यमियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, राजनीतिक नेताओं तथा मीडिया जगत की हस्तियों ने अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं। सोशल मीडिया पर भी हजारों लोगों ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्हें एक प्रेरणादायी व्यक्तित्व बताया।

Zee News द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार, श्री नंद किशोर गोयनका के निधन से Essel परिवार गहरे शोक में है। परिवार के करीबी लोगों ने बताया कि अंतिम संस्कार मुंबई में पूरे धार्मिक रीति-रिवाजों के साथ किया जाएगा। हालांकि परिवार की ओर से विस्तृत कार्यक्रम की आधिकारिक जानकारी बाद में साझा किए जाने की संभावना है।

व्यापार जगत से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि किसी भी बड़े उद्योगपति के जीवन में पारिवारिक मूल्यों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होती है। डॉ. सुभाष चंद्रा की सफलता के पीछे उनके पिता के संस्कार और मार्गदर्शन को हमेशा विशेष महत्व दिया जाता रहा है। यही कारण है कि उनके निधन की खबर ने उद्योग जगत में भी भावुक माहौल बना दिया है।

श्री नंद किशोर गोयनका ने हमेशा मेहनत, नैतिकता और सामाजिक जिम्मेदारी को जीवन का आधार बनाया। उन्होंने अपने परिवार को भी इन्हीं मूल्यों पर आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। आज Essel Group जिस ऊंचाई पर पहुंचा है, उसके पीछे परिवार की वर्षों की मेहनत और मजबूत पारिवारिक संस्कारों की महत्वपूर्ण भूमिका मानी जाती है।

देशभर से विभिन्न सामाजिक संगठनों ने भी उनके निधन पर शोक व्यक्त किया है। कई लोगों ने कहा कि उन्होंने अपने जीवनकाल में सेवा, विनम्रता और मानवीय मूल्यों का जो उदाहरण प्रस्तुत किया, वह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बना रहेगा।

श्री नंद किशोर गोयनका के निधन से न केवल उनका परिवार बल्कि पूरा उद्योग एवं सामाजिक जगत एक ऐसे वरिष्ठ और सम्मानित व्यक्तित्व को खो चुका है, जिसने अपने जीवन से यह संदेश दिया कि सफलता केवल आर्थिक उपलब्धियों से नहीं, बल्कि समाज के प्रति जिम्मेदारी निभाने से भी मिलती है।

उनके निधन पर देशभर से संवेदनाओं का सिलसिला जारी है। लोग ईश्वर से प्रार्थना कर रहे हैं कि दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें तथा शोक संतप्त परिवार को इस कठिन समय में संबल और साहस दें। उनके योगदान और आदर्शों को लंबे समय तक याद किया जाता रहेगा।

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