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साइबर ठगों ने निजी तस्वीरों से युवक को ब्लैकमेल कर 1.10 लाख वसूले

ग्वालियर: ऑनलाइन लोन देने वाले ऐप के जरिए लोगों को फंसाकर साइबर ठगी करने का एक मामला सामने आया है। थाटीपुर थाना क्षेत्र में एक युवक ने आरोप लगाया है कि लोन चुकाने के बाद भी साइबर ठग उससे लगातार पैसे मांगते रहे। रकम देने से इनकार करने पर आरोपियों ने उसकी निजी तस्वीरों के […]

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  • August 19, 2026 3:45 pm IST, Published 17 minutes ago

ग्वालियर: ऑनलाइन लोन देने वाले ऐप के जरिए लोगों को फंसाकर साइबर ठगी करने का एक मामला सामने आया है। थाटीपुर थाना क्षेत्र में एक युवक ने आरोप लगाया है कि लोन चुकाने के बाद भी साइबर ठग उससे लगातार पैसे मांगते रहे। रकम देने से इनकार करने पर आरोपियों ने उसकी निजी तस्वीरों के साथ छेड़छाड़ कर अश्लील फोटो तैयार कर दीं और उन्हें रिश्तेदारों व परिचितों को भेजने की धमकी देकर ब्लैकमेल किया। पीड़ित के मुताबिक, आरोपी अलग-अलग किस्तों में उससे कुल 1.10 लाख रुपये वसूल चुके हैं।

पुलिस को दी शिकायत के अनुसार, थाटीपुर इलाके में रहने वाले पारस गुर्जर ने जुलाई 2026 में सोशल मीडिया पर ऑनलाइन लोन का विज्ञापन देखा था। विज्ञापन के जरिए वह एक लोन ऐप तक पहुंचा। जरूरत के चलते उसने पहले करीब 5 हजार रुपये और बाद में 10 हजार रुपये का लोन लिया। युवक का कहना है कि दोनों कर्ज की रकम उसने तय समय के भीतर वापस कर दी थी।

लोन चुकाने के बाद उसे उम्मीद थी कि लेनदेन खत्म हो जाएगा। हालांकि, कथित तौर पर ऐप से जुड़े लोगों ने इसके बाद भी उससे पैसों की मांग शुरू कर दी। जब युवक ने बताया कि वह पहले ही पूरी रकम चुका चुका है, तो आरोपियों ने दबाव बनाने के साथ धमकाना शुरू कर दिया।

पीड़ित का आरोप है कि इसी दौरान साइबर ठगों ने उसके मोबाइल फोन में मौजूद निजी जानकारी और कॉन्टैक्ट लिस्ट तक पहुंच बना ली। इसके बाद उसकी तस्वीरों के साथ छेड़छाड़ कर आपत्तिजनक और अश्लील तस्वीरें तैयार की गईं। आरोपियों ने कथित तौर पर ये तस्वीरें युवक को भेजीं और कहा कि यदि उसने पैसे नहीं दिए तो तस्वीरें उसके रिश्तेदारों, दोस्तों और अन्य परिचितों को भेज दी जाएंगी।

अचानक सामने आई ऐसी तस्वीरों और धमकियों से युवक घबरा गया। बदनामी के डर का फायदा उठाते हुए आरोपी उससे लगातार रकम मांगते रहे। युवक ने दबाव में आकर उनके बताए ऑनलाइन खातों में कई बार पैसे भेजे। शिकायत के मुताबिक, अलग-अलग भुगतान के जरिए उससे कुल 1.10 लाख रुपये वसूल लिए गए। पैसे देने के बाद भी कथित ठगों की मांग खत्म नहीं हुई। लगातार दबाव और धमकियों से परेशान होकर पारस ने आखिरकार पुलिस से संपर्क किया। उसने थाटीपुर थाने में शिकायत देकर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी।

सीएसपी संदीप बांगड़े के अनुसार, युवक ने ऑनलाइन लोन लेने के बाद आपत्तिजनक तस्वीरों के जरिए ब्लैकमेल किए जाने की शिकायत की है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच के दौरान संबंधित मोबाइल नंबरों, डिजिटल गतिविधियों और जिन खातों में रकम भेजी गई, उनके लेनदेन की जानकारी जुटाई जा रही है।

यह मामला ऑनलाइन लोन ऐप के इस्तेमाल को लेकर साइबर सुरक्षा की गंभीर चुनौती भी सामने लाता है। कई बार अनजान या संदिग्ध ऐप को मोबाइल की निजी जानकारी, कॉन्टैक्ट और अन्य डेटा की अनुमति दे दी जाती है। यही जानकारी बाद में साइबर अपराधियों द्वारा ब्लैकमेलिंग के लिए इस्तेमाल की जा सकती है।

साइबर विशेषज्ञ आम तौर पर सलाह देते हैं कि किसी भी अनजान लोन ऐप को डाउनलोड करने से पहले उसकी विश्वसनीयता और आधिकारिक जानकारी की जांच की जाए। मोबाइल में अनावश्यक परमिशन देने से भी बचना चाहिए। यदि कोई व्यक्ति आपत्तिजनक तस्वीरों या निजी जानकारी के जरिए ब्लैकमेल करे, तो डरकर लगातार भुगतान करने के बजाय तुरंत पुलिस या साइबर अपराध शिकायत तंत्र से संपर्क करना चाहिए। फिलहाल ग्वालियर पुलिस मामले की जांच कर रही है और आरोपियों तक पहुंचने के लिए डिजिटल साक्ष्यों तथा पैसों के लेनदेन की जानकारी खंगाली जा रही है।

 

 

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