नई दिल्ली। भीषण गर्मी और लू की मार झेल रहे देशवासियों के लिए मौसम विभाग से बहुत बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक, देश के अधिकांश हिस्सों में बारिश और बादलों की आवाजाही के चलते देशभर से हीटवेव (लू) की स्थिति पूरी तरह समाप्त हो गई है। कई राज्यों में हुई तेज बारिश और धूल भरी आंधी ने मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया है, जिससे तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है।
मशहूर रेतीले इलाके राजस्थान में लगातार दूसरे दिन धूल भरी आंधी का दौर जारी रहा। सीमावर्ती जिले जैसलमेर में एक भयानक रेतीला तूफान देखने को मिला, जिससे चारों तरफ धूल का गुबार छा गया और विजिबिलिटी (दृश्यता) काफी कम हो गई। हालांकि, गनीमत यह रही कि इस तूफान से किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं है। आंधी और अंधड़ के चलते राज्य के तापमान में बड़ी गिरावट आई है; कभी देश का सबसे गर्म रहने वाला फलौदी अब 42.6°C पर आ गया है।
उत्तर प्रदेश में भी मानसून पूर्व की गतिविधियों ने लोगों को चिलचिलाती गर्मी से बड़ी राहत दी है। राज्य के बलिया में सबसे ज्यादा 34.4mm और मुरादाबाद में 21.8mm बारिश रिकॉर्ड की गई। राजधानी लखनऊ में भी 2.4mm बारिश दर्ज की गई, जिससे यहाँ का अधिकतम तापमान सामान्य से 3.9°C नीचे गिरकर 36.3°C पर आ गया। वहीं न्यूनतम तापमान 24.7°C दर्ज किया गया, जिससे रातें भी ठंडी हो गई हैं।
एक तरफ जहाँ मैदानी इलाकों में इस मौसम से राहत मिली है, वहीं उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में यह बारिश आफत बनकर बरसी है। भारी बारिश और खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन ने केदारनाथ यात्रा को अस्थायी रूप से रोक दिया है।
चंपावत में बड़ा रेस्क्यू ऑपरेशन: चंपावत के प्रसिद्ध श्री रीठा साहिब गुरुद्वारे में चल रहे वार्षिक जोड़ मेले के दौरान अचानक नदी का जलस्तर बढ़ गया। उफनती नदी के बीचों-बीच 50 से ज्यादा श्रद्धालु फंस गए। सूचना मिलते ही रेस्क्यू टीम ने तुरंत मोर्चा संभाला और बेहद सूझबूझ के साथ सभी 50 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।