• होम
  • देश
  • मैगी में कीड़े मिलने की शिकायत पर FSSAI सख्त

मैगी में कीड़े मिलने की शिकायत पर FSSAI सख्त

नेस्ले को नोटिस जारी कर बाजार से बैच हटाने का दिया आदेश; KFC और फ्लिपकार्ट से भी मांगा जवाब नई दिल्ली: भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने मैगी नूडल्स में कीड़े मिलने की सोशल मीडिया पर आई शिकायतों के बाद मैन्युफैक्चरिंग कंपनी नेस्ले इंडिया को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। FSSAI ने […]

Advertisement
Gauravshali Bharat
Gauravshali Bharat News
  • June 12, 2026 6:13 pm IST, Published 3 hours ago

नेस्ले को नोटिस जारी कर बाजार से बैच हटाने का दिया आदेश; KFC और फ्लिपकार्ट से भी मांगा जवाब

नई दिल्ली: भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने मैगी नूडल्स में कीड़े मिलने की सोशल मीडिया पर आई शिकायतों के बाद मैन्युफैक्चरिंग कंपनी नेस्ले इंडिया को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। FSSAI ने कड़ा रुख अपनाते हुए नेस्ले को तुरंत एक्शन टेकन रिपोर्ट (ATR) सौंपने और प्रभावित बैच को बाजार से वापस लेने (रिकॉल करने) का आदेश दिया है। इसके साथ ही, खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन को लेकर फास्ट-फूड चेन KFC और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म फ्लिपकार्ट को भी नोटिस भेजा गया है।

FSSAI ने नेस्ले से इन 3 मुख्य बिंदुओं पर मांगा स्पष्टीकरण:

KFC और फ्लिपकार्ट पर भी कार्रवाई

FSSAI ने केवल नेस्ले ही नहीं, बल्कि अन्य प्रमुख ब्रांड्स पर भी नकेल कसी है:

  • KFC: आउटलेट्स पर साफ-सफाई और हाइजीन से जुड़ी शिकायतों को लेकर नोटिस जारी किया गया है।

  • फ्लिपकार्ट इंडिया और ओपन सीक्रेट: खजूर (Dates) के एक प्रोडक्ट में कीड़े मिलने की शिकायत पर इन दोनों कंपनियों से जवाब तलब किया गया है।

नेस्ले इंडिया ने आरोपों को नकारा

दूसरी ओर, नेस्ले इंडिया ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। कंपनी के प्रवक्ता ने एक बयान में कहा:

“हम सोशल मीडिया पर चल रहे इन आरोपों को पूरी तरह से नकारते हैं। जिस अकाउंट से यह शिकायत की गई है, वह अभी रीचेबल (संपर्क से बाहर) है, जिसके कारण हमें जांच के लिए प्रोडक्ट का सैंपल नहीं मिल पाया है।”

कंपनी ने आगे स्पष्ट किया कि उन्होंने इस बैच से जुड़े सभी क्वालिटी रिकॉर्ड्स, मार्केट सैंपल्स और टेस्ट रिपोर्ट्स को पहले ही संबंधित अधिकारियों के सामने पेश कर दिया है।

बता दें कि इससे पहले साल 2015 में भी मैगी में तय मात्रा से अधिक लेड (शीशा) पाए जाने के बाद FSSAI ने इस पर कड़ा एक्शन लिया था, जिसके कारण मैगी पर कुछ समय के लिए प्रतिबंध लगा दिया गया था। FSSAI का कहना है कि वे उपभोक्ताओं की सेहत से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं करेंगे और सभी मामलों की गंभीरता से जांच की जा रही है।

Advertisement