• होम
  • उत्तर प्रदेश
  • राष्ट्रगान बीच में छोड़ने पर सतीश महाना घिरे, अखिलेश ने पूछा सवाल

राष्ट्रगान बीच में छोड़ने पर सतीश महाना घिरे, अखिलेश ने पूछा सवाल

उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना का उन्नाव दौरे के दौरान राष्ट्रगान के बीच में चले जाने का कथित वीडियो सामने आने के बाद प्रदेश की सियासत गरमा गई है। वीडियो को लेकर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधा है। अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया […]

Advertisement
Gauravshali Bharat
Gauravshali Bharat News
  • August 23, 2026 8:45 pm IST, Published 29 minutes ago

उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना का उन्नाव दौरे के दौरान राष्ट्रगान के बीच में चले जाने का कथित वीडियो सामने आने के बाद प्रदेश की सियासत गरमा गई है। वीडियो को लेकर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधा है। अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सवाल किया कि इस मामले में क्या कार्रवाई की जा रही है।
मामला उन्नाव में आयोजित एक सरकारी कार्यक्रम से जुड़ा बताया जा रहा है। कार्यक्रम के दौरान सतीश महाना को गार्ड ऑफ ऑनर दिया जा रहा था। इसी दौरान राष्ट्रगान बजने के समय उनके वहां से चले जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। वीडियो सामने आने के बाद विपक्ष ने इसे राष्ट्रगान के सम्मान से जोड़ते हुए सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।

अखिलेश यादव ने वीडियो को साझा करते हुए बीजेपी सरकार पर राजनीतिक हमला बोला। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित करते हुए पूछा कि इस घटना को लेकर क्या कदम उठाया जा रहा है। सपा प्रमुख का कहना है कि राष्ट्रगान जैसे संवेदनशील विषय से जुड़े मामले में सरकार को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए और जिम्मेदारी तय करनी चाहिए।

इस मुद्दे ने इसलिए भी राजनीतिक रंग ले लिया है क्योंकि सतीश महाना उत्तर प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष हैं। विधानसभा अध्यक्ष का पद संवैधानिक और महत्वपूर्ण माना जाता है। ऐसे में विपक्ष उनके आचरण को लेकर सवाल खड़े कर रहा है। समाजवादी पार्टी ने इस पूरे घटनाक्रम को लेकर बीजेपी की कार्यशैली पर भी निशाना साधा है।

हालांकि, वायरल वीडियो के सामने आने के बाद मामले के पूरे संदर्भ को लेकर भी चर्चा हो रही है। किसी भी वीडियो के आधार पर अंतिम निष्कर्ष निकालने से पहले कार्यक्रम का पूरा घटनाक्रम, वीडियो की अवधि और उस समय मौजूद परिस्थितियों को देखना जरूरी है। यह भी स्पष्ट होना बाकी है कि महाना किस वजह से वहां से हटे और उस समय कार्यक्रम की आधिकारिक प्रक्रिया क्या थी।

राजनीतिक तौर पर देखें तो उत्तर प्रदेश में बीजेपी और समाजवादी पार्टी के बीच पहले से ही कई मुद्दों पर तीखी बयानबाजी होती रही है। ऐसे में यह वीडियो सामने आने के बाद विपक्ष को सरकार पर हमला करने का एक और मुद्दा मिल गया है। अखिलेश यादव के सवाल के बाद अब निगाहें बीजेपी और सरकार की प्रतिक्रिया पर हैं।

सियासी विवाद के बीच सबसे अहम सवाल यही है कि क्या सरकार इस घटना को लेकर कोई आधिकारिक जांच या कार्रवाई करती है या फिर इसे लेकर स्पष्टीकरण जारी किया जाता है। फिलहाल सोशल मीडिया पर वीडियो को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं, जबकि आधिकारिक तौर पर पूरे घटनाक्रम की तस्वीर सामने आना बाकी है।

राष्ट्रगान देश की संप्रभुता और राष्ट्रीय सम्मान से जुड़ा विषय है। इसलिए ऐसे मामलों में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बजाय तथ्यों और आधिकारिक जानकारी के आधार पर स्थिति स्पष्ट होना महत्वपूर्ण है। अब देखना होगा कि विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना इस विवाद पर क्या सफाई देते हैं और सरकार की ओर से अखिलेश यादव के सवाल का क्या जवाब आता है।

Advertisement