बटाला, गुरदासपुर। पंजाब के बटाला के पास भाजपा नेता और पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू के काफिले पर कथित हमले का मामला सामने आया है। बिट्टू शुक्रवार को अमृतसर से पठानकोट जा रहे थे, जहां उन्हें भाजपा की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ में शामिल होना था। इसी दौरान घसीटपुर के पास कुछ लोगों ने उनके काफिले को घेर लिया और वाहनों पर अंडे, टमाटर और पत्थर फेंके जाने का आरोप है। कुछ वाहनों के शीशे टूटने की भी जानकारी सामने आई है।
बिट्टू ने आरोप लगाया कि हमले में आम आदमी पार्टी से जुड़े समर्थक शामिल थे। उनके मुताबिक, काफिले को घेरने के बाद स्थिति बिगड़ गई, जिसके चलते सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें एक नजदीकी घर में पहुंचाया। बिट्टू का कहना है कि उनकी सुरक्षा टीम ने दो लोगों को पकड़कर पुलिस के हवाले किया। हालांकि, हमले में शामिल लोगों और घटना की पूरी परिस्थितियों को लेकर पुलिस जांच जारी है।
रवनीत बिट्टू ने दावा किया कि घसीटपुर के पास आम आदमी पार्टी के हलका प्रभारी जोबन रंधावा और उनके समर्थक मौजूद थे। उन्होंने आरोप लगाया कि लंगर की आड़ में उनके काफिले को रोका गया और वाहनों पर हमला किया गया।
बिट्टू के अनुसार, हमले के दौरान उन्हें कुछ समय के लिए पास के एक घर में शरण लेनी पड़ी। उन्होंने घटना की जानकारी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और पंजाब के पुलिस महानिदेशक को भी देने की बात कही है।
हालांकि, आम आदमी पार्टी के स्थानीय नेता जोबन रंधावा ने बिट्टू के आरोपों को लेकर अलग पक्ष रखा। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके भाई के साथ बिट्टू के सुरक्षाकर्मियों ने मारपीट की। रंधावा का कहना है कि उनका विरोध बिट्टू से नहीं, बल्कि कुछ अन्य भाजपा नेताओं से था। दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग आरोप लगाए गए हैं।
पंजाब में भाजपा ने शुक्रवार से ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ शुरू की। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने पठानकोट के माधोपुर से यात्रा को रवाना किया। यह अभियान करीब 4 हजार किलोमीटर की दूरी तय करते हुए पंजाब की सभी 117 विधानसभा सीटों से होकर गुजरेगा।
यह यात्रा 13 दिनों तक चलेगी और 30 सितंबर को जालंधर में इसका समापन प्रस्तावित है। समापन कार्यक्रम में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के शामिल होने की जानकारी दी गई है।
काफिले से जुड़ी घटना के बाद मौके पर पुलिस बल तैनात किया गया। कुछ समय तक अमृतसर-पठानकोट मार्ग पर यातायात भी प्रभावित रहा। पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और सुरक्षा के बीच काफिले को आगे रवाना किया। मामले की जांच की जा रही है।
रवनीत बिट्टू ने घटना को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं, जबकि आम आदमी पार्टी के स्थानीय नेताओं ने अपने ऊपर लगाए गए आरोपों के जवाब में अलग आरोप लगाए हैं। फिलहाल, घटना के वास्तविक कारण और जिम्मेदार लोगों को लेकर पुलिस जांच के निष्कर्ष का इंतजार है।