कोरोना का नया वैरिएंट सामने आने के बाद बढ़ी चौकसी

नई दिल्ली: कोरोना वायरस के नए वैरिएंट BA.3.2 को लेकर वैश्विक स्तर पर वैज्ञानिकों की निगरानी बढ़ गई है। शुरुआती अध्ययनों के अनुसार, इस वैरिएंट में स्पाइक प्रोटीन से जुड़े बड़ी संख्या में आनुवंशिक बदलाव (म्यूटेशन) पाए गए हैं, जिनकी वजह से यह पहले संक्रमण या टीकाकरण से बनी प्रतिरक्षा को कुछ हद तक प्रभावित करने […]

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corona virus
Gauravshali Bharat News
  • July 13, 2026 11:02 am IST, Published 49 minutes ago

नई दिल्ली: कोरोना वायरस के नए वैरिएंट BA.3.2 को लेकर वैश्विक स्तर पर वैज्ञानिकों की निगरानी बढ़ गई है। शुरुआती अध्ययनों के अनुसार, इस वैरिएंट में स्पाइक प्रोटीन से जुड़े बड़ी संख्या में आनुवंशिक बदलाव (म्यूटेशन) पाए गए हैं, जिनकी वजह से यह पहले संक्रमण या टीकाकरण से बनी प्रतिरक्षा को कुछ हद तक प्रभावित करने की क्षमता रख सकता है। हालांकि, अब तक ऐसा कोई ठोस वैज्ञानिक प्रमाण सामने नहीं आया है कि यह वैरिएंट पहले के प्रमुख वैरिएंट्स की तुलना में अधिक गंभीर बीमारी पैदा करता है।

रिपोर्टों के अनुसार, BA.3.2 में JN.1 वैरिएंट की तुलना में स्पाइक प्रोटीन में लगभग 70 से 75 अतिरिक्त म्यूटेशन और डिलीशन दर्ज किए गए हैं। नवंबर 2025 से जनवरी 2026 के बीच यूरोप के कुछ देशों में किए गए जीनोमिक विश्लेषण में इस वैरिएंट की पहचान हुई, जिसके बाद स्वास्थ्य विशेषज्ञ इसकी विशेषताओं पर लगातार अध्ययन कर रहे हैं।

भारत में फिलहाल BA.3.2 का कोई पुष्ट मामला सामने नहीं आया है। स्वास्थ्य एजेंसियां अंतरराष्ट्रीय स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं और जीनोमिक सर्विलांस के जरिए नए वैरिएंट्स की निगरानी जारी है।

इधर, आंध्र प्रदेश के कडप्पा जिले में कोविड-19 संक्रमण से दो लोगों की मौत और कुछ नए संक्रमितों की पुष्टि के बाद स्थानीय स्वास्थ्य विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। अधिकारियों ने जांच, निगरानी और आवश्यक स्वास्थ्य तैयारियों को और मजबूत करने के निर्देश दिए हैं। आरटी-पीसीआर जांच में कई नए संक्रमितों की पहचान होने के बाद संपर्क में आए लोगों की भी निगरानी की जा रही है।

वैज्ञानिकों का कहना है कि घबराने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन सावधानी बनाए रखना जरूरी है। यदि किसी व्यक्ति में बुखार, खांसी, गले में खराश या सांस लेने में तकलीफ जैसे लक्षण दिखाई दें तो चिकित्सकीय सलाह लेकर जांच करानी चाहिए। स्वास्थ्य विशेषज्ञ समय-समय पर जारी सरकारी दिशानिर्देशों का पालन करने की भी सलाह दे रहे हैं।

 

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